iPhone समेत Apple के सभी प्रोडक्ट्स होंगे महंगे, टिम कुक ने बताई वजह

Aaryan Puneet Dwivedi
रिपोर्टर:Aaryan Puneet Dwivedi
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iPhone समेत Apple के सभी प्रोडक्ट्स होंगे महंगे, टिम कुक ने बताई वजह

मुख्य बिंदुQuick Read

  • Apple CEO टिम कुक ने संकेत दिए हैं कि मेमोरी चिप की कमी और बढ़ती लागत के कारण iPhone 18 सीरीज समेत कई Apple प्रोडक्ट्स महंगे हो सकते हैं।

Apple के iPhone और अन्य प्रोडक्ट्स जल्द महंगे हो सकते हैं। कंपनी के CEO टिम कुक ने संकेत दिए हैं कि वैश्विक स्तर पर मेमोरी और स्टोरेज चिप की कमी के कारण कंपोनेंट्स की लागत लगातार बढ़ रही है। ऐसे में कंपनी के लिए मौजूदा कीमतों को लंबे समय तक बनाए रखना मुश्किल होता जा रहा है।

टिम कुक ने एक इंटरव्यू में कहा कि Apple अब तक बढ़ी हुई लागत का बोझ खुद उठा रहा था, लेकिन सप्लायर्स की ओर से बढ़ते दबाव के कारण कीमतों में बदलाव पर विचार करना पड़ रहा है। इसका असर आने वाले iPhone मॉडल्स और अन्य डिवाइसेस पर देखने को मिल सकता है।

एप्पल प्रोडक्ट्स की मौजूदा कीमतें और कीमत बढ़ने के बड़े कारण

चिप्स की बढ़ती लागत, AI सर्वर की मांग और सप्लाई चेन पर बढ़ते दबाव के बीच एप्पल के कई प्रोडक्ट्स की कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल कंपनी के लोकप्रिय प्रोडक्ट्स की शुरुआती कीमतें इस प्रकार हैं।

एप्पल प्रोडक्ट्स की शुरुआती कीमतें

प्रोडक्ट शुरुआती कीमत
आईफोन 17 प्रो₹1,34,900
आईफोन एयर₹1,19,900
आईफोन 17₹82,900
आईफोन 16₹69,900
आईफोन 17e₹64,900
मैकबुक प्रो (M5 चिप)₹1,89,900
मैकबुक एयर (M5 चिप)₹1,19,900
मैकबुक नियो₹69,900
आईपैड एयर (M4 चिप)₹64,900
एप्पल वॉच सीरीज 11₹46,900
एयरपॉड्स मैक्स 2₹67,900
एप्पल वॉच SE 3₹25,900

गैजेट्स महंगे होने के 4 प्रमुख कारण

कारण असर
AI सर्वर्स की बढ़ती मांग डेटा सेंटर के लिए DRAM और HBM चिप्स को प्राथमिकता मिलने से उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स के लिए सप्लाई प्रभावित हो रही है।
सीमित चिप सप्लाई स्मार्टफोन, लैपटॉप और अन्य गैजेट्स के लिए पर्याप्त चिप्स उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं।
सप्लायर्स की बढ़ी लागत निर्माण और कंपोनेंट्स की लागत बढ़ने से कंपनियों का खर्च बढ़ गया है।
फोल्डेबल और एडवांस कंपोनेंट्स नई तकनीक वाले डिवाइसों के पार्ट्स सामान्य गैजेट्स की तुलना में काफी महंगे हैं।

नोट: कीमतें एप्पल के ऑनलाइन स्टोर पर उपलब्ध शुरुआती मॉडल/वेरिएंट के आधार पर हैं और समय-समय पर बदल सकती हैं।

iPhone 18 सीरीज पर पड़ सकता है असर

हाल के महीनों में ऐसी खबरें सामने आई थीं कि अगली पीढ़ी के iPhone 18 मॉडल्स की कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी नहीं होगी। हालांकि टिम कुक के ताजा बयान के बाद बाजार में नए कयास शुरू हो गए हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मेमोरी चिप और अन्य महत्वपूर्ण कंपोनेंट्स की कीमतें बढ़ती रहीं तो iPhone 18 सीरीज की लॉन्च कीमतें भी प्रभावित हो सकती हैं।

अन्य कंपनियां पहले ही बढ़ा चुकी हैं दाम

स्मार्टफोन इंडस्ट्री में पिछले कुछ महीनों से लागत बढ़ने का असर दिखाई दे रहा है। कई प्रमुख ब्रांड अपने स्मार्टफोन्स की कीमतों में संशोधन कर चुके हैं।

Apple उन चुनिंदा कंपनियों में शामिल रहा है जिसने लंबे समय तक अपने फ्लैगशिप मॉडल्स की शुरुआती कीमतों को स्थिर रखा। इसी रणनीति ने कंपनी को प्रीमियम बाजार में मजबूत स्थिति बनाए रखने में मदद की थी।

फोल्डेबल iPhone लॉन्च से पहले बड़ा संकेत

टिम कुक का यह बयान ऐसे समय आया है जब Apple अपने पहले फोल्डेबल iPhone और नई iPhone 18 Pro सीरीज की तैयारी कर रहा है। फोल्डेबल डिवाइसेस में इस्तेमाल होने वाले कंपोनेंट्स सामान्य स्मार्टफोन्स की तुलना में अधिक महंगे होते हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार नई तकनीक और सप्लाई चेन पर दबाव के कारण कंपनी के लिए लागत नियंत्रण चुनौतीपूर्ण हो सकता है।

Apple खुद नहीं बनाएगा मेमोरी चिप

टिम कुक ने स्पष्ट किया कि कंपनी फिलहाल अपनी मेमोरी मैन्युफैक्चरिंग यूनिट स्थापित करने की योजना नहीं बना रही है। इसके बजाय Apple नए सप्लाई सोर्स और वैकल्पिक आपूर्ति श्रृंखलाओं की तलाश करेगा।

कंपनी का फोकस कंपोनेंट्स की उपलब्धता बढ़ाने और सप्लाई जोखिम को कम करने पर रहेगा ताकि भविष्य में उत्पादन प्रभावित न हो।

AI बूम ने बढ़ाई मेमोरी चिप की मांग

दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के तेजी से विस्तार ने मेमोरी चिप बाजार पर बड़ा असर डाला है। AI सर्वर्स और डेटा सेंटर्स के लिए बड़ी मात्रा में DRAM और हाई-बैंडविड्थ मेमोरी (HBM) की जरूरत पड़ रही है।

चिप निर्माता कंपनियां अधिक मुनाफा देने वाले AI प्रोजेक्ट्स को प्राथमिकता दे रही हैं। इससे स्मार्टफोन और कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों के लिए आवश्यक कंपोनेंट्स की उपलब्धता प्रभावित हो रही है।

सिर्फ स्मार्टफोन नहीं, अन्य प्रोडक्ट्स भी हो सकते हैं महंगे

विशेषज्ञों का मानना है कि मेमोरी चिप की कमी का असर केवल स्मार्टफोन उद्योग तक सीमित नहीं रहेगा। लैपटॉप, टैबलेट, ऑटोमोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों की कीमतों पर भी इसका प्रभाव पड़ सकता है।

उद्योग संगठनों ने भी चेतावनी दी है कि यदि सप्लाई की स्थिति जल्द नहीं सुधरी तो आने वाले महीनों में कई उपभोक्ता उत्पादों की कीमतों में बढ़ोतरी देखी जा सकती है।

क्या है DRAM और क्यों है जरूरी

DRAM (Dynamic Random Access Memory) वह मेमोरी है जो स्मार्टफोन, टैबलेट और कंप्यूटर को तेज गति से काम करने में मदद करती है। यह मल्टीटास्किंग, गेमिंग और AI फीचर्स को सुचारु रूप से चलाने के लिए महत्वपूर्ण होती है।

AI तकनीकों की बढ़ती मांग के कारण DRAM की खपत तेजी से बढ़ी है। यही वजह है कि बाजार में इसकी उपलब्धता कम हो रही है और इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनियों की उत्पादन लागत लगातार बढ़ती जा रही है।

संपादकीय लेखक एवं रिपोर्टर
संपादकीय मंडल (Board)
आर्यन पुनीत द्विवेदी
संस्थापक एवं प्रधान संपादक • रीवा रियासत

द सिटी एक्सप्रेस (रीवा रियासत प्राइवेट लिमिटेड) के संस्थापक एवं प्रधान संपादक। डिजिटल मीडिया रणनीति, खोजी पत्रकारिता और संपादकीय दूरदर्शिता के साथ संस्थान के संपादकीय सिद्धांतों और विश्वसनीयता के प्रमुख संरक्षक।

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