रीवा वासियो के लिए खुशखबरी : अब और रोमांचक होगा मुकुंदपुर टाइगर सफारी, लखनऊ से देर रात पहुंचे पांच बारहसिंघा, जल्द ही दिल्ली से 12 बार्किंग डीयर भी आएंगे
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रीवा। मुकुंदपुर चिडिय़ाघर में शुक्रवार देर रात बारहसिंघा का जोड़ा पहुंच गया। इनमें एक नर और 4 मादा शामिल हैं। इनका सफारी में पहुंचते ही जोरदार स्वागत किया गया, साथ ही प्रबंधन द्वारा भोजन की ाी बेहतर व्यवस्था की गई। इनको लाने के लिए मुकुंदपुर का 5 सदस्यीय दल बुधवार शाम लखनऊ चिडिय़ाघर पहुंच गया था और गुरूवार को लौटना था। लेकिन मौसम में अचानक आई खराबी की वजह से बुधवार को टीम लखनऊ से रवाना नहीं हो सकी। देर रात रवाना हुई जू की टीम शुक्रवार रात को बारहसिंघा के पांच जोड़ों को लेकर टाइगर सफारी पहुंची।
इन नए मेहमानों के पहुंचते ही सफारी में खुशी का माहौल निर्मित हो गया। बताया गया है कि हाल ही में बिलासपुर के कानन पेंडारी से चार थामिन डियर मुकुंदपुर चिडिय़ाघर लाए गए थे। अभी तक मुकुंदपुर चिडिय़ाघर में बारहसिंघा नहीं थे। यहां के लिए बारहसिंघा नई प्रजाति होगी। इसके आने के बाद मुकुंदपुर चिडिय़ाघर में वन्य प्राणियों के प्रजातियों की संया बढ़कर 15 हो गई है। साथ ही वन्य प्राणियों की संया भी 99 तक पहुंच जाएगी। बारहसिंघा के लिए चिडिय़ाघर में बाड़े तैयार कर लिए गए हैं।
बताया गया है कि इसके अलावा होली के पहले दिल्ली चिडिय़ाघर से बार्किंग डीयर भी लाए जाने की योजना बन गई है। इनको यहां लेकर आने के लिए जल्द ही टीम को रवाना किया जाएगा। दिल्ली चिडिय़ाघर से तीन नर और नौ मादा बार्किंग डीयर यहां पर लाए जाएंगे। इनके आने के बाद वन्य प्राणियों की संया जहां सौ के ऊपर निकल जाएगी, वहीं वन्य प्राणियों के प्रजाति की संया 15 से बढ़कर 16 तक पहुंच जाएगी। माना जा रहा है कि रविवार या सोमवार तक दिल्ली से 12 की संया में बार्किंग डीयर यहां पहुंच जाएंगे। इन सभी वन्य प्राणियों को कान्हा टाइगर रिजर्व से मिले वाहन से लाया जा रहा है। गौरतलब है कि इन वन्य प्राणियों को लाने के लिए लगभग एक साल से टाइगर सफारी के अधिकारी योजना बना रहे थे, लेकिन कभी मौसम की खराबी तो कभी ठंड के चलते वन्य प्राणियों को नहीं लाया जा सका। समय पर वाहन भी नहीं मिल पाने की वजह से समस्या बन रही थी। अब सब कुछ ठीक-ठाक हो गया है, जिसकी वजह से जल्द ही टाइगर सफारी में अन्य वन्यजीवों को लाने की व्यवस्था बन जाएगी।