झारखंड एयर एंबुलेंस क्रैश: सभी 7 की मौत की पुष्टि, DGCA ने खराब मौसम में डायवर्जन मांगा था
झारखंड के चतरा में एयर एंबुलेंस क्रैश में सभी 7 लोगों की मौत की पुष्टि। DGCA ने बताया कि विमान ने खराब मौसम के कारण डायवर्जन मांगा था।
अब तक की बड़ी बातें
- रांची से दिल्ली जा रही एयर एंबुलेंस चतरा में क्रैश
- फ्लाइट ने शाम 7:11 बजे उड़ान भरी, 7:34 पर संपर्क टूटा
- विमान में सवार सभी 7 लोगों की मौत
- जंगल के अंदर रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
झारखंड के चतरा जिले के समरिया जंगल में एयर एंबुलेंस दुर्घटनाग्रस्त हो गई है। रांची से दिल्ली के लिए उड़ान भरने के कुछ ही मिनट बाद विमान का संपर्क टूट गया था। प्रशासन, पुलिस और राहत दल मौके की ओर बढ़ रहे हैं।
पहली रिपोर्ट पढ़ें: झारखंड एयर एंबुलेंस क्रैश की मुख्य खबर
⏱ LIVE TIMELINE
12:15 PM: प्रशासन ने एयर एंबुलेंस में सवार सभी सात लोगों की मौत की पुष्टि कर दी है। DGCA ने बताया कि विमान ने खराब मौसम के कारण डायवर्जन की अनुमति मांगी थी। आगे की जांच संबंधित एजेंसियां करेंगी। फिलहाल LIVE अपडेट समाप्त किया जा रहा है।
10:52 AM: प्रशासन ने पुष्टि की है कि एयर एम्बुलेंस में सवार सभी सात लोगों की मौत हो गई है। हादसे में पायलट कैप्टन विवेक विकास भगत, को-पायलट कैप्टन सबराजदीप सिंह, मरीज संजय कुमार, परिजन अर्चना देवी और धूरू कुमार, डॉक्टर विकास कुमार गुप्ता तथा पैरामेडिकल स्टाफ सचिन कुमार मिश्रा की जान गई।
10:35 AM: नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने बताया कि विमान ने सोमवार की शाम 7:10 बजे रांची से उड़ान भरी थी। करीब 7:30 बजे खराब मौसम के कारण पायलट ने रास्ता बदलने की अनुमति मांगी। इसके कुछ ही देर बाद कोलकाता एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से संपर्क और रडार कनेक्शन टूट गया, जिसके बाद एयर एम्बुलेंस क्रैश हो गई।
10:45 PM: चतरा SP ने बताया कि क्रैश साइट घने जंगल में है। राहत दल मौके पर पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। मौत की पुष्टि अभी नहीं।
10:20 PM: स्थानीय ग्रामीणों ने जंगल में तेज आवाज सुनने के बाद प्रशासन को सूचना दी। पुलिस और आपदा प्रबंधन टीम रवाना।
9:55 PM: देवकमल हॉस्पिटल के CEO ने पुष्टि की कि 65% झुलसे मरीज को बेहतर इलाज के लिए दिल्ली ले जाया जा रहा था।
7:34 PM: उड़ान के लगभग 23 मिनट बाद एयरक्राफ्ट का कम्युनिकेशन टूट गया।
7:11 PM: एयर एंबुलेंस ने रांची एयरपोर्ट से दिल्ली के लिए उड़ान भरी।
विमान में कौन-कौन थे सवार
फ्लाइट में कैप्टन विवेक विकास भगत (पायलट), कैप्टन सबराजदीप सिंह (को-पायलट), डॉक्टर विकास कुमार गुप्ता, पैरामेडिकल स्टाफ सचिन कुमार मिश्रा, मरीज संजय कुमार और दो परिजन सवार थे।
रेस्क्यू ऑपरेशन की स्थिति
जंगल क्षेत्र में रात के समय ऑपरेशन चलाना चुनौतीपूर्ण बताया जा रहा है। प्रशासन ने आसपास के इलाकों में सुरक्षा घेरा बढ़ा दिया है। मेडिकल और फायर टीम भी मौके पर भेजी गई हैं।
संभावित जांच
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) और संबंधित एजेंसियां दुर्घटना की जांच कर सकती हैं। तकनीकी खराबी, मौसम या अन्य कारणों की जांच होगी।