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REWA : कोरोना ने एक शिक्षक का पूरा घर तबाह कर दिया, बेटे की कोरोना ने ली जान, खबर सुनकर पिता ने भी त्याग दिए प्राण

RewaRiyasat.Com
Shashank Dwivedi
30 Apr 2021

REWA : कोरोना ने एक शिक्षक का पूरा घर तबाह कर दिया, बेटे की कोरोना ने ली जान, खबर सुनकर पिता ने भी त्याग दिए प्राण

रीवा (REWA NEWS IN HINDI) : देश में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के बीच अब मौतों का सिलसिला भी जारी है. इस बीच बता दे की बेटे की जान कोरोना संक्रमण से गई। पिता को बेटे की मौत की खबर लगी तो उन्होंने भी प्राण त्याग दिए। एक दिन में एक ही घर में दो लाशें उठीं। इस घटना ने सभी को अंदर से झकझोर कर रख दिया है। स्कूल शिक्षा विभाग में शोक की लहर है। मिली जानकारी के अनुसार जन शिक्षा केन्द्र मार्तण्ड क्रमांक तीन में पदस्थ जनशिक्षक राजेश पाण्डेय मूल रूप से रहने वाले व्यौहारी के गांव कुंआ के हैं। रीवा में ही पदस्थ रहते हुए परिवार के साथ रह रहे थे। इन्होंने टीकाकरण के दौरान महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाई थी।

पीके स्कूल और एसके स्कूल में लगे शिविर में टीकाकरण कराया था। इसी दौरान वह किसी संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आए और खुद भी संक्रमित हो गए। संक्रमण के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती किए गए। इलाज के दौरान संजय गांधी स्मृति चिकित्सालय में राजेश पाण्डेय ने अंतिम सांस ली। बुधवार की रात 9 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। उनका अंतिम संस्कार गुरुवार को नगर निगम की टीम ने बंदरिया मुक्तिधाम में किया। राजेश पाण्डेय की मौत की खबर जैसे ही उनके घर पिता के पास पहुंची, उन्होंने भी दम तोड़ दिया। एक ही घर में दो लोगों की मौत ने सबको झकझोर कर रख दिया है। परिवार पर मानों बज्रपात टूट पड़ा हो।

पत्नी वरिष्ठ अध्यापक के पद पर पदस्थ 

शिक्षक राजेश पाण्डेय की पत्नी अल्का मिश्रा शाउमावि गोडहर में वरिष्ठ अध्यापक के पद पर पदस्थ हैं। राजेश का एकमात्र पुत्र है। राजेश की मौत ने उसके सिर से पिता का साया छीन लिया है। राजेश पाण्डेय पिछले 10 दिनों से बीमार चल रहे थे। अस्पताल में इलाज चल रहा था, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।

रिटायर हुए थे पिता 

विभागीय सूत्रों की मानें तो राजेश के पिता भी शिक्षा विभाग में ही पदस्थ थे। वह कुछ ही साल पहले पद से रिटायर हुए थे। वह गांव में ही रह रहे थे। बेटे के मौत की खबर सुनने के बाद ही वह भी अपने प्राण त्याग दिए। उनकी मौत से शिक्षा जगत में दुख का माहौल है।

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