रीवा

रीवा में खाद की कालाबाजारी पर शिकंजा: ग्राहकों को रसीद भी नहीं दे रहें थे दुकानदार, दो दुकानें और गोदाम सील

Aaryan Puneet Dwivedi
27 Nov 2024 11:35 AM IST
रीवा में खाद की कालाबाजारी पर शिकंजा: ग्राहकों को रसीद भी नहीं दे रहें थे दुकानदार, दो दुकानें और गोदाम सील
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रीवा में खाद की किल्लत और कालाबाजारी पर प्रशासन ने सख्ती दिखाई। ऊंचे दामों पर खाद बेचने और रसीद न देने की शिकायत पर दो दुकानों और गोदामों को सील किया गया।

मध्य प्रदेश के रीवा में किसानों को खाद की उपलब्धता में हो रही कठिनाइयों और कालाबाजारी के मामलों ने प्रशासन को सख्त कदम उठाने पर मजबूर कर दिया। मंगलवार को प्रशासनिक टीम ने दो दुकानों और उनके गोदामों को सील कर दिया।

खाद की कालाबाजारी का खुलासा

शिकायतें मिली थीं कि कुछ दुकानदार खाद ऊंचे दामों पर बेच रहे हैं और रसीद तक नहीं दे रहे। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें यह अनियमितता स्पष्ट रूप से देखी गई। इसके बाद प्रशासनिक अमले ने जांच करते हुए कार्रवाई की।

कौन-कौन सी दुकानें सील हुईं?

यह कार्रवाई रीवा कलेक्ट्रेट के पास स्थित शिव खाद बीज भंडार और सीताराम खाद बीज भंडार पर की गई। एसडीएम वैशाली जैन के नेतृत्व में तहसीलदार शिवशंकर शुक्ला और सीएसपी रितु उपाध्याय की टीम ने इन दोनों दुकानों और उनके गोदामों को सील कर दिया।

किसानों की समस्या और शिकायतें

रीवा जिले में खाद की किल्लत से किसान परेशान हैं। किसानों का कहना है कि उन्हें घंटों लाइन में लगने के बावजूद खाद नहीं मिल पाती। कई केंद्रों पर स्थिति इतनी खराब है कि लोग आधी रात से ही लाइन में लगना शुरू कर देते हैं।

खाद की कालाबाजारी का आरोप

किसानों का आरोप है कि कालाबाजारी के चलते उन्हें खाद समय पर नहीं मिल रही। ऊंचे दामों पर बिक्री और ब्लैक मार्केटिंग की वजह से खाद वितरण प्रक्रिया में गड़बड़ी हो रही है।

प्रशासन ने इस मामले में सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है। एसडीएम वैशाली जैन ने कहा कि खाद वितरण प्रक्रिया पर नजर रखी जा रही है, और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

Aaryan Puneet Dwivedi

Aaryan Puneet Dwivedi

Aaryan Puneet Dwivedi is a senior editor and an experienced journalist who has been active in the news industry since 2013. He has extensive experience covering and editing news across multiple fields, including politics, national and international affairs, sports, technology, business, and social issues. He is a state-level accredited journalist recognized by the Madhya Pradesh government. Known for his in-depth understanding of news and current affairs, he focuses on delivering accurate, reliable, and reader-friendly information across all major news categories.

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