
यूनिवर्सल पेंशन स्कीम: मोदी सरकार सभी वर्गों के लिए ला रही है एक समान पेंशन योजना, प्राइवेट जॉब हो चाहे अपना धंधा, सभी को पेंशन देने की तैयारी!

भारत में तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी को ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार एक नई यूनिवर्सल पेंशन स्कीम लाने की तैयारी कर रही है। इस योजना के तहत न केवल सरकारी कर्मचारियों को, बल्कि निजी क्षेत्र, स्वरोजगार और असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को भी लाभ मिलेगा।
यूनिवर्सल पेंशन स्कीम की मुख्य विशेषताएँ
- सभी नागरिकों के लिए उपलब्ध: 18 वर्ष से अधिक उम्र का कोई भी व्यक्ति इस योजना का हिस्सा बन सकता है।
- नियमित योगदान और सरकारी अंशदान: यह एक योगदान आधारित योजना होगी, जिसमें लाभार्थी को मासिक योगदान करना होगा, और सरकार भी इसमें अंशदान करेगी।
- 60 वर्ष की उम्र के बाद पेंशन सुविधा: लाभार्थी को उसके कुल योगदान, सरकारी अंशदान और ब्याज के आधार पर पेंशन मिलेगी।
- अन्य मौजूदा योजनाओं का समावेश: इसमें अटल पेंशन योजना जैसी मौजूदा योजनाओं को भी शामिल किया जा सकता है, जिससे सरकारी संसाधनों का बेहतर उपयोग संभव हो।
- राज्यों की भागीदारी: केंद्र सरकार राज्यों को उनकी मौजूदा पेंशन योजनाओं को इस नई योजना में मर्ज करने का सुझाव दे सकती है।
किन्हें मिलेगा फायदा?
सरकारी सूत्रों के अनुसार, यह योजना खासतौर पर उन लोगों को ध्यान में रखकर बनाई गई है, जो फिलहाल किसी भी पेंशन योजना के दायरे में नहीं आते। इसका लाभ उठाने वाले प्रमुख वर्ग निम्नलिखित हैं:
- असंगठित क्षेत्र के श्रमिक
- निजी क्षेत्र के कर्मचारी
- छोटे व्यापारी और स्वरोजगार करने वाले लोग
- किसान और मजदूर
मौजूदा पेंशन योजनाओं की स्थिति
वर्तमान में केंद्र सरकार के तहत कई पेंशन योजनाएँ चल रही हैं, लेकिन वे सभी सीमित वर्गों तक ही सीमित हैं। इनमें प्रमुख योजनाएँ हैं:
अटल पेंशन योजना (APY): 60 साल की उम्र के बाद 1,000 से 5,000 रुपये मासिक पेंशन प्रदान करती है।
कर्मचारी पेंशन योजना (EPS-95): संगठित क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए 1995 में लागू की गई थी।
प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना (PM-KMY): छोटे और सीमांत किसानों के लिए स्वैच्छिक पेंशन योजना।
क्या यह NPS को रिप्लेस करेगी?
फिलहाल इस योजना को नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) से बदलने की कोई योजना नहीं है। यूनिवर्सल पेंशन स्कीम का उद्देश्य उन लोगों को लाभ देना है, जो NPS जैसी मौजूदा योजनाओं का हिस्सा नहीं हैं।
कब होगी लागू?
सरकारी सूत्रों के अनुसार, इस योजना का प्रारूप तैयार करने की जिम्मेदारी कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) को सौंपी गई है। उम्मीद है कि 2025 तक इस योजना को लागू कर दिया जाएगा।
Aaryan Puneet Dwivedi
Aaryan Puneet Dwivedi is a senior editor and an experienced journalist who has been active in the news industry since 2013. He has extensive experience covering and editing news across multiple fields, including politics, national and international affairs, sports, technology, business, and social issues. He is a state-level accredited journalist recognized by the Madhya Pradesh government. Known for his in-depth understanding of news and current affairs, he focuses on delivering accurate, reliable, and reader-friendly information across all major news categories.




