
Phd New Rules 2022: स्नातक के बाद विद्यार्थी सीधे कर सकेंगे पीएचडी, UGC ने लिया निर्णय

UGC Phd New Guidelines: विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने एक ऐसा निर्णय लिया है जो कि विद्यार्थियां को काफी राहत देने वाला है। यूजीसी ने जो निर्णय लिया है उसके अनुसार अब स्नातक के विद्यार्थी सीधे पीएचडी कर सकेंगे। सबसे अच्छी बात यह है कि विद्यार्थियां को पीएचडी करने के लिए परास्नातक नहीं करना होगा। सीधे स्नातक करने के बाद ही विद्यार्थी पीएचडी के लिए आवेदन कर सकेंगे।
चार साल का कोर्स
बताया गया है कि यूजीसी ने जो निर्णय लिया है उसके अनुसार चार साल के कोर्स में विद्यार्थी एडमीशन ले सकेंगे। इस कोर्स को पूरा करने के बाद विद्यार्थियों को पीजी करने की जरूरत नहीं होगी। विद्यार्थी सीधे पीएचडी कर सकेंगे। चार वर्षीय यह नया पैटर्न लागू होने तक तीन वर्ष का कार्यक्रम बरकरार रहेगा।
विश्वविद्यालय ले सकेगा निर्णय
बताया गया है कि इसी हफ्ते यूजीसी ने नया पैटर्न लागू करने की घोषणा की है। यूजीसी ने जो निर्णय लिया है उसके अनुसार आनर्स कोर्स चार साल के लिए कर दिया गया है। हालांकि विवि के पास यह अधिकार होगा कि वह चार और तीन वर्ष के कोर्स मे से किसी एक को चुन सकेंगे। यह फैसला पूरी तरह से विवि पर छोड़ा गया है। यह नया पैटर्न कब तक लागू होगा इसको लेकर यूजीसी ने कोई समयसीमा तय नहीं की है। यूजीसी से मिली जानकारी के मुताबिक आगामी सत्र से विश्वविद्यालयों में चार वर्षीय यह पैटर्न लागू हो सकता है।
वर्जन
चार साल के नए पैटर्न से स्नातक करने वाले विद्यार्थियों को सीधे पीएचडी में दाखिला मिलेगा। इसके लिए विद्यार्थियों को पीजी नहीं करनी होगी। नया पैटर्न लागू होने तक तीन वर्ष का कार्यक्रम बरकरार रहेगा।
एम जगदीश कुमार, अध्यक्ष विश्वविद्यालय अनुदान आयोग




