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शारीरिक संबंध से जुड़े इन 8 मिथक पर कभी न करें विश्वास

Aaryan Dwivedi
16 Feb 2021 5:57 AM GMT
शारीरिक संबंध से जुड़े इन 8 मिथक पर कभी न करें विश्वास
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शादीशुदा जिदंगी से बोरियत को दूर करने के लिए शारीरिक संबंध अपनी अहम भूमिका निभाता हैं। संबंध बनाने से न केवल कपल्स में प्यार बढ़ता है बल्कि इससे रिश्ता हमेशा मजबूत बना रहता है लेकिन अधिकतर लोगों ने सेक्स से जुड़े कई मिथक बनाए हुए है, जिनमें से कुछ सही होते है लेकिन कुछ गलत होते है। अगर आप भी अपनी सेक्स लाइफ को लाइफटाइम सफल बनाए रखना चाहते है तो आपको इन मिथक के बारे में जरूर पता होना चाहिए। चलिए आज हम आपको कुछ सेक्स मिथक के बारे में बताएंगे, जिनपर विश्वास नहीं करना चाहिए।

Myth: शारीरिक संबंध बनाने से बर्न होती है कैलोरीज Truth: विशेषज्ञों का अनुमान है कि संबंध बनाने के तीस मिनट तक सिर्फ 85 से 150 कैलोरी बर्न होती हैं लेकिन आपको अपना वजन का एक पाउंड कम करने के लिए 3,500 कैलोरी बर्न करने की जरूरत है। अगर आप 35 बार संबंध बनाते है तो सिर्फ 1 पाउंड कैलोरी बर्न होगी।

Myth: महिलाओं और पुरुषों के सेक्सुअल पिक के बीच 10 साल का अंतर है

Truth: पुरुषों का टेस्टोस्टेरोन 18 साल की उम्र में पिक पर होता है, लेकिन महिलाओं के एस्ट्रोजेन का स्तर 20 की उम्र के मध्य में चरम सुख पर होता है क्योंकि निम्न हार्मोन स्तर कम सेक्स ड्राइव से जुड़ा होता हैं। जब आपका हार्मोन स्तर उच्चतम होता हैं तो ड्राइव अपने चरम पर होना चाहिए। लाइफ में आप अपनी सेक्स इच्छा और गतिविधि का स्तर कई बार ऊपर और नीचे देखेंगे।

Myth: संबंध बनाने से आर्ट अटैक हो सकता है Truth: एनबीसी यूनिवर्सल के मुताबिक शारीरिक संबंध बनाते समय हार्ट अटैक आने की संभावना काफी कम होती हैं। शारीरिक संबंध का कनेक्शन अक्सर हैल्दी हार्ट से जुड़ा होता है। एक स्टडी अनुसार, जो लोग हफ्ते में दो बार संबंध बनाते है उन्हें हार्ट अटैक आने के चांसेस कम होते हैं।

Myth: इंटिमेट होते हुए मोजे न निकाले Truth: नीदरलैंड में एक सेक्स स्टडी ने पुरुषों और महिलाओं पर ब्रैन स्कैन किया, जब उनके पार्टनर ने उन्हें संभोग सुख (orgasms) देने का प्रयास किया तो उनमें से बहुत से प्रतिभागियों ने अपने पार्टनर के पैर ठंडे होने की शिकायत की। जब उन्हें संबंध बनाते समय मोजे पहनने के लिए दिए गए तो अधिकतर पुरूष और स्त्रियां अपने पार्टनर को संभोग सुख देने में सफल रहे।

Myth: ऑयस्टर और चॉकलेट मूड बना देते हैं Truth: किसी भी स्टडी में यह साबित नहीं हुआ है कि ऑयस्टर संबंध बनाने की उत्तेजना बढ़ जाती है। ऑयस्टर में बहुत जींस होते हैं, जो शुक्राणु को स्वस्थ रखते हैं। कई अध्ययनों से पता चलता है कि चॉकलेट कम रक्तचाप में फायदेमंद और वाहिकाओं को सुचारू रूप से चलाने में मदद करती हैं जो संबंध क्रियाओं को अच्छी तरह काम करने से लिए सक्षम रखती हैं। चॉकलेट खाने से मूड-बूस्टिंग फिनिलेथिलामाइन और सेरोटोनिन उत्तेजित होती हैं, जिससे संबंध बनाने की इच्छा बढ़ जाती है।

Myth: पुरुष हर सात सेकंड में सेक्स के बारे में सोचते हैं Truth: हालिया स्टडी में यह मिथक बिल्कुल गलत साबित हो चुका हैं। स्टडी के दौरान पता चला कि पुरूष दिनभर में लगभग 19 बार सेक्स के बारे में सोचते है। वहीं महिलाएं दिनभर में 10 बार सेक्स का ख्याल अपने मन में लाती है।

Myth: सभी महिलाओं को संभोग सुख के माध्यम से सेक्स अनुभव होता हैं Truth: स्टडी रिपोर्ट है कि लगभग 75 प्रतिशत महिला सिर्फ संबंध के माध्यम से संभोग सुख नहीं मिलता हैं। हालिया स्टडी के मुताबिक, लगभग 37 प्रतिशत महिलाओं ने कहा कि उन्हें संभोग सुख प्राप्त करने के लिए शारीरिक संबंध बनाते समय किसी अन्य प्रकार की उत्तेजना की जरूरत होती है।

Myth: सेक्स स्पोर्ट परफॉमेंस को प्रभावित कर सकता है Truth: इस मिथक पर कई सालों से बहस हुई है, कोच अक्सर अपने एथलिटों को बड़े खेल या प्रतियोगिताओं से पहले सेक्स से दूर रहने के लिए सलाह देते हैं। उनका कहना है कि संबंध न बनाने आक्रामकता में वृद्धि और ऊर्जा को बढ़ावा मिलता है। हालांकि, शोध से पता लगा है कि संबंध बनाने से एथलेटिक प्रदर्शन पर थोड़ा असर पड़ता है लेकिन वास्तव में सकारात्मक प्रभाव अधिक होता है।

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