इंदौर

MP में Coronavirus; 8 शहरों में मिल चुके हैं संदिग्ध, अब जबलपुर में 4 लोगों की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव

Aaryan Dwivedi
16 Feb 2021 6:16 AM GMT
MP में Coronavirus; 8 शहरों में मिल चुके हैं संदिग्ध, अब जबलपुर में 4 लोगों की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव
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कई शहरों में कोरोना के संदिग्ध पाए गए थे, लेकिन रिपोर्ट निगेटिव आई, राज्य में पहली बार जबलपुर में 4 लोगों की संक्रमण की पुष्टि हुई है

कई शहरों में कोरोना के संदिग्ध पाए गए थे, लेकिन रिपोर्ट निगेटिव आई, राज्य में पहली बार जबलपुर में 4 लोगों की संक्रमण की पुष्टि हुई है

मध्यप्रदेश में कोरोना वायरस की एंट्री हो गई है। जबलपुर में 4 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। यह सभी जर्मनी और दुबई से भारत लौटे हैं। इनमें तीन एक ही परिवार के सदस्य हैं। इससे पहले मध्यप्रदेश में कई शहरों में कोरोना के संदिग्ध पाए गए थे। इनमें से अधिकतर का सैंपल लेकर उन्हें 14 दिन के लिए आइसोलेशन वॉर्ड में भेज दिया गया है। मध्यप्रदेश में स्वास्थ्य विभाग पूरी तैयारी में जुटा है। प्रदेश में 24 घंटे जांच की सुविधा है। वहीं एडवाइजरी भी जारी कर दी गई है।

भोपाल: राजहंस होटल में मिले 4 संदिग्ध और वुहान की महिला बिना जांच के फरार हो गई 18 मार्च को राजधानी के एमपी नगर जोन-2 के राजहंस होटल में चार संदिग्धों को आइसोलेट किया गया। इनके सैंपल जांच के लिए भेजे गए, जो निगेटिव आए। इनमें से एक व्यक्ति की दोबारा जांच की गई। फिलहाल इनकी रिपोर्ट आना बाकी है। एम्स ने तकनीकी कारण से सैंपल रिजेक्ट कर दिया था। वहीं 19 मार्च को वुहान की कोरोना वायरस संदिग्ध महिला अस्पताल से भाग निकली थी। उसे पुलिस ने देर रात अस्पताल में भर्ती कराया था। पुलिस को महिला हबीबगंज रेलवे स्टेशन पर इंतजार करते मिली थी। वह पिछले चार महीनों से भटक रही थी। पुलिस को महिला ने बताया था कि वह भोपाल सांची घूमने आई थी। इसके बाद उसे शहर के सरकारी अस्पताल के प्राइवेट वार्ड-14 में भर्ती कराया गया था। अगले दिन यानि बुधवार को जांच सैंपल लेने से पहले ही वह अस्पताल से भाग गई।

इंदौर: 160 लोगों को क्वारैंटाइन किया गया इंदौर में बीते कुछ दिनों में अलग-अलग जगहों पर 160 लोगों को होम क्वारैंटाइन किया गया है। सीएमएचओ ने बताया कि करीब 18 सैंपल जांच के लिए भेजे गए थे। सभी कि रिपोर्ट निगेटिव आई थी। वहीं, सोशल मीडिया पर फैली चार लोगों के संक्रमण की पुष्टि की खबर का प्रशासन ने खंडन किया है। कमिश्नर ने किसी भी तरह की अफवाह फैलाने को लेकर हिदायत दी थी। प्रशासन ने लोगों को भीड़ में नहीं जाने की सलाह दी है । सभी आईटी कंपनियों ने वर्क फ्रॉम होम लागू कर दिया है। फ्रांस से लौटे 23 साल के युवक का सैंपल लेकर उसे आइसोलेट किया गया है।

खरगोन : 8 दिन से निमोनिया पीड़ित किशोरी आइसोलेशन वार्ड में भर्ती खरगोन के संजयनगर में रहने वाली 15 साल की किशोरी को आइसोलेशन वॉर्ड में भर्ती किया गया था। वह 8 दिन से निमोनिया से पीड़ित बताई जा रही थी। वहीं, 16 मार्च को 35 साल की एक संदिग्ध महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दोनों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई थी। यहां भी प्रशासन ने प्रमुख स्थानों को बंद करने के निर्देश दिए हैं।

खंडवा : जर्मनी से आए यात्रियों ने खुद को किया होम आइसोलेट खंडवा में जर्मनी से आए यात्रियों ने घर जाने की बजाय किराए का कमरा लेकर खुद को आईसोलेट किया है। उज्जैन: डॉक्टर दंपती को क्वारैंटाइन किया उज्जैन में आरडी गार्डी मेडिकल कॉलेज के डॉक्टर दंपती को कोरोना के संदेह में माधव नगर के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया था। इनके सैंपल भी जांच के लिए भेजे गए थे। यहां इनकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। बताया जाता है कि यह दंपती 2 मार्च को थाईलैंड घुमने गए थे। 7 मार्च को वे वहां से लौटे थे। इनको सर्दी- खांसी और गले में इंफेक्शन की शिकायत थी। नोडल अधिकारी डॉ. एचपी सोनानिया ने बताया थाईलैंड से आने के बाद ही दोनों का स्वास्थ्य खराब होने लगा था। उन्होंने इलाज कराया, लेकिन सुधार नहीं होने पर कोरोना के संदेह के चलते सोमवार को उन्हें माधव नगर के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया है।

मंदसौर: एक युवक निगरानी में रखा गया मंदसौर की पिपलियामंडी नगर में कोरोना वायरस के दो संदिग्ध सरकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र प्रबंधन की निगरानी में रखे गए हैं। यह दोनों बाहर से आए थे। जानकारी के अनुसार फाटक मोहल्ले में 17 मार्च को मुंबई से आई एक युवती को सर्दी-खांसी की शिकायत पर सैंपल लिए गए थे। वहीं, महावीरगंज में 14 मार्च को दुबई से आया एक युवक भी अस्पताल स्टाफ की निगरानी में है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के मेडिकल ऑफिसर डॉ. निशांत शर्मा ने बताया दोनों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। इन मरीजों को घर में ही रहने की सलाह दी है, साथ ही परिजन को भी मास्क पहनने के लिए कहा है।

शाजापुर: संदिग्ध पहुंचा था चेकअप कराने, डॉक्टर बिना मास्क के करता रहा इलाज 16 मार्च को शाजापुर में जिला अस्पताल में लापरवाही सामने आई थी। यहां सिंगापुर से लौटे युवक ने बताया था कि उसे सर्दी-खांसी की शिकायत थी। वह चेकअप के लिए अस्पताल पहुंचा, जहां डॉक्टर बिना मास्क पहने ही उसका इलाज करते रहे। इसके बाद उसने जांच सैंपल दिए, जो निगेटिव आए हैं।

जबलपुर: 7 फरवरी को भी कोरोना संदिग्ध को आइसोलेशन वॉर्ड में रखा गया था चीन से लौटे जबलपुर निवासी एक युवक को 7 फरवरी को संक्रमित होने के संदेह में जबलपुर के विक्टोरिया अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में रखा गया था। हालांकि, बाद में उसकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई थी।

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