
Credit-Debit Card New Rule : कार्ड बंद करने में हुई देरी तो ग्राहकों को 500 रूपए रोजाना देंगे बैंक, मूलधन पर ब्याज भी नहीं जुड़ेगा

credit debit card tokenization
Credit and Debit Card New Rules: रिजर्व बैंक (RBI) ने क्रेडिट कार्ड और डेबिट कार्ड जारी करने के नियमों (Credit Debit Card Rules) में बदलाव किया है जो 01 जुलाई, 2022 से लागू हो जाएगा। RBI के नए नियमों के मुताबिक, ग्राहकों की मंजूरी के बिना नया क्रेडिट कार्ड जारी करने या पुराने क्रेडिट को कार्ड अपग्रेड करने पर जारीकर्ता कंपनी व बैंक पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
RBI ने कहा कि Credit Card बंद करने के अनुरोध के 7 दिन के अंदर अगर क्रेडिट कार्ड बंद नहीं होता है तो बैंक और NBFC को ग्राहकों को प्रति दिन 500 रुपए के हिसाब से जुर्माना देगा। बशर्ते कार्डधारकों पर कोई बकाया राशि नहीं हो। कार्ड जारी करने वाली कंपनियों या उनमें एजेंट के रूप में काम करने वाले तीसरे पक्ष की ओर से अब ग्राहकों को बकाया वसूली को लेकर डराने-धमकाने से रोक दिया गया है। ऐसा करने पर कंपनियों पर कड़ी कार्रवाई होगी।
मूलधन में ब्याज नहीं होगा एडजस्ट
रिजर्व बैंक ने लोन के प्रिंसिपल अमाउंट यानी मूलधन में ब्याज की बकाया राशि एडजस्ट करने पर रोक लगाई है। RBI ने बैंकों को यह सुनिश्चित करने को कहा कि बकाया चार्ज, लेवी व टैक्स को लोन के मूलधन में जोड़कर पर उस पर ब्याज नहीं लगाया जाए।
इन्हें भी मिली कार्ड जारी की मंजूरी
आरबीआइ ने एनबीएफसी को भी क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड या चार्ज कार्ड जारी करने की मंजूरी दे दी है, लेकिन इसके लिए उन्हें पहले मंजूरी लेनी होगी। वैसे सहकारी बैंक, एनबीएफसी जिनका नेटवर्थ 100 करोड़ से अधिक है, वे क्रेडिट कार्ड बिजनेस शुरू कर सकते हैं।
... तो मिल सकेगा मोटा मुआवजा
अगर बैंक ने ग्राहक की मंजूरी के बिना कोई नया क्रेडिट या डेबिट कार्ड जारी एक्टिवेट या अपग्रेड किया है और उसका बिल ग्राहकों को भेजा है तो बैंकों को लगाया गया चार्ज ग्राहकों को रिवर्स करना होगा। साथ ही पेनाल्टी के रूप में लगाए गए चार्ज की दोगुना राशि ग्राहकों को लौटानी होगी। ग्राहक इसकी शिकायत आरबीआइ लोकपाल को कर सकते हैं।
ग्राहकों की ओर से आरबीआइ को की गई शिकायत की स्थिति में क्रेडिट कार्ड जारी करने वाले बैंक या एनबीएफसी को दोषी पाए जाने पर ग्राहकों को उनके समय की बर्बादी, प्रताड़ना और मानसिक पीड़ा के लिए भारी मुअवजा देना पड़ेगा। बिना इजाजत जारी किए गए कार्ड का यदि दुरुपयोग होता है तो इसकी जिम्मेदारी बैंको की होगी, ग्राहकों की नहीं।
ये हैं क्रेडिट कार्ड से जुड़े 5 नए नियम...
- क्रेडिट कार्ड बंद करने के किसी भी अनुरोध को 7 कारोबारी दिन में पूरा किया जाना चाहिए। कार्ड होल्डर की और से बकाया भुगतान जरूरी है।
- कार्ड जारीकर्ता डाक से क्रेडिट कार्ड बंद करने का अनुरोध भेजने पर जोर नहीं देगा। कार्ड बंद होने की सूचना कार्डहोल्डर को देनी होगी।
- बैंकों को क्रेडिट कार्ड बंद करने के लिए कई चैनल उपलब्ध कराने होंगे। इनमें हेल्पलाइन, ई-मेल, IVR, वेबसाइट लिंक, इंटरनेट बैंकिंग, मोबाइल ऐप आदि मोड शामिल हैं।
- यदि कार्ड का उपयोग एक वर्ष से अधिक समय से नहीं किया गया है, तो बैंक कार्डधारक को सूचित करने के बाद क्रेडिट कार्ड अकाउंट को बंद करने का प्रोसेस शुरू कर सकता है।
- क्रेडिट कार्ड बंद होने के बाद अगर क्रेडिट बैलेंस है तो उसे कार्ड होल्डर के बैंक खाते में ट्रांसफर करना होगा। बैंकों को 30 दिन के भीतर अंदर कार्ड बंद करने की जानकारी क्रेडिट इंफॉर्मेशन कंपनी को देनी होगी।
Aaryan Puneet Dwivedi
Aaryan Puneet Dwivedi is a senior editor and an experienced journalist who has been active in the news industry since 2013. He has extensive experience covering and editing news across multiple fields, including politics, national and international affairs, sports, technology, business, and social issues. He is a state-level accredited journalist recognized by the Madhya Pradesh government. Known for his in-depth understanding of news and current affairs, he focuses on delivering accurate, reliable, and reader-friendly information across all major news categories.




