बिज़नेस

Agriculture: सहजन की खेती करने वालों को सरकार दे रही पैसा, जानिए!

FD Interest Rate Hike
x
Agriculture: सहजन एक ऐसी सब्जी है जिसमें सबसे ज्यादा पोषक तत्व पाये जाते है।

Agriculture: सहजन एक ऐसी सब्जी है जिसमें सबसे ज्यादा पोषक तत्व पाये जाते है। कहा जाता है कि इस पृथ्वी पर सहजन से ज्यादा औषधीय और पौष्टिक गुण किसी भी सब्जी में नहीं पाये जाते। आमतौर पर देश के ज्यादातर हिस्सों में सहजन का पेड़ पाया जाता है। लेकिन देश के बिहार प्रांत में किसान सहजन की खेती व्यावसायिक तौर पर कर रहे हैं। वहीं बिहार सरकार सहजन की खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को 50 प्रतिशत की सब्सिडी दे रही है। हाल के दिनों में इसके लिए किसानो से आवेदन मांगे है।

ऐसा होता है सहजन

  1. सहजन का पौधा एक बार लगाने के बाद कई वर्ष तक फल देता है। इसके फल, फूल तथा पत्तों का खाने में उपयोग किया जाता है। यह पौष्टिकता से भरपूर होने की वजह से इसकी डिमांड बाजार में सदैव बनी ही रहती है। कई रोगों के उपचार में सहजन का उपायेग होता है।
  2. सहजन की कई ऐसी भी विराइटी देश के अलग-अलग राज्यों में पाई जाती हैं जिसमें वर्ष में दो बार फल लगते है। वैसे तो आमतौर पर सहजन के पौधे में एक बार फल लगता है।
  3. सहजन में प्रोटीन, लवण, लोहा, विटामिन-बी, और विटामिन-सी पर्याप्त मात्रा में पाया जाता है।
  4. सहजन का पौध सभी तरह की जमीन में असानी से उग जाता है और पर्याप्त उत्पादन देता है। 6 से 7 पीएच मान की जमीन इसके लिए उपयुक्त है।
  5. भरपूर उत्पादन के लिए 25 से 30 डिग्री सेल्सियस का तापमान उपयुक्त बताया गया है।
  6. इसमें ज्यादा या फिर कम वर्षा का ज्यादा असर नहीं पड़ता।
  7. सहजन का पौधा लगाने के 90 से 100 दिन में फूल आना शुरू हो जाता है।
  8. इसके फल 160 से 170 दिन में तुडाई के लिए तैयार हो जाते है।
  9. कहा गया है कि फलों की तुडाई करने के बाद इसके पेड़ को एक मीटर छोड़कर काट देना चाहिए। इससे नई शाखा आती हैं।

ऐसे करें रोपण

  1. सहजन के पौधे का रोपण करने के लिए 45 सेमी लम्बा, चौड़ा तथा गहरा गड्ढ़ा बना लेना चाहिए। इसमें 10 किलेग्राम गोबर की सड़ी हुई खाद डालें इसके बाद पौधे का लगा देना चाहिए।
  2. समय-समय पर इसकी िंसचाई करें। वैसे भी सहजन के पौधे को ज्यादा पानी की आवश्यकता नही होती। लेकिन पौधे के लगने तक पानी देना चाहिए।
  3. कहा गया है कि सहजन के बीजो को पालीथिन में डालकर उगा लेना चाहिए। जैसे ही पौधा मजबूत हो जाये उसे खेतों में लगा देना चाहिए।
  4. सहजन का पौधा जून से लेकर सितम्बर के महीने तक लगाना चाहिए। पौधा लगाने के कई दिन पहले गड्ढे बना लेना चाहिए।

Next Story