अभी-अभी बड़ी खबर! रीवा कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी: पुलिस छावनी में तब्दील हुआ परिसर, चप्पे-चप्पे पर तलाशी
रीवा कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी के बाद हड़कंप मच गया। पुलिस ने पूरे परिसर को घेरकर तलाशी शुरू की। जानिए कहां से आई धमकी, अब तक की कार्रवाई और latest update।
मध्य प्रदेश के रीवा जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहाँ आज सुबह रीवा जिला न्यायालय (District Court) को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया। इस धमकी भरे संदेश के बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत अलर्ट हो गईं और पूरे कोर्ट परिसर को खाली कराकर उसे सील कर दिया गया है।
ईमेल के जरिए मिली धमकी
जानकारी के अनुसार, यह धमकी एक ईमेल के माध्यम से दी गई थी। बताया जा रहा है कि हाईकोर्ट द्वारा प्रदेश के सभी जिलों में इस संबंध में एक अलर्ट संदेश भेजा गया था, जिसके बाद रीवा जिला न्यायालय प्रशासन हरकत में आया। जैसे ही इस धमकी की सूचना मिली, परिसर में मौजूद न्यायाधीशों, अधिवक्ताओं और कर्मचारियों के बीच अफरा-तफरी का माहौल व्याप्त हो गया।
भारी पुलिस बल और बम स्क्वॉड तैनात
घटना की गंभीरता को देखते हुए रीवा पुलिस अधीक्षक (SP) सहित जिले के कई वरिष्ठ अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पूरे कोर्ट परिसर को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। कोर्ट के अंदर किसी के भी प्रवेश पर फिलहाल पूरी तरह से रोक लगा दी गई है और अधिवक्ताओं को सुरक्षित दूरी पर मैदान में रहने की हिदायत दी गई है।
सर्च ऑपरेशन जारी
मौके पर मौजूद बम निरोधक दस्ते (Bomb Squad) और साइबर टीम द्वारा गहन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस टीम कोर्ट रूम, जजों के चेंबर और परिसर के कोने-कोने की जांच कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि:
"सुरक्षा की दृष्टि से सभी एहतियाती कदम उठाए जा रहे हैं। चप्पे-चप्पे की छानबीन की जा रही है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कहीं कोई संदिग्ध वस्तु तो नहीं रखी गई है।"
अधिवक्ताओं में चिंता का माहौल
इस घटना के बाद न्यायालय का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया है। वरिष्ठ अधिवक्ता और न्यायिक कर्मचारी परिसर के बाहर खड़े होकर पुलिस की कार्रवाई पर नजर बनाए हुए हैं। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि यह ईमेल कहाँ से आया और इसके पीछे किसका हाथ है।
फिलहाल, पुलिस प्रशासन और साइबर सेल मामले की तह तक जाने का प्रयास कर रहे हैं। अभी तक किसी संदिग्ध वस्तु के मिलने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा कर दिया गया है।