चाणक्य के इन शब्दों में छिपा है दुश्मन को हराने का रामबाण उपाय
चाणक्य नीति के अनुसार हर सफल व्यक्ति के ज्ञात और अज्ञात शत्रु होते हैं.
शत्रु को लेकर सावधान रहना चाहिए, इन्हें कभी कजमोर समझने की भूल नहीं करनी चाहिए.
चाणक्य नीति के अनुसार मनुष्य को विपदा या परेशानी आने पर घबराना नहीं चाहिए.
जो व्यक्ति मुसीबत आने पर धैर्य खो देता है, उसे शत्रु आसानी से पराजित कर देता है.
इसलिए किसी भी परिस्थिति में व्यक्ति को अपना धैर्य नहीं खोना चाहिए.
चाणक्य नीति के अनुसार स्वस्थ्य तन में ही स्वस्थ्य मस्तिष्क रहता है.
चाणक्य नीति के अनुसार अहंकार से मनुष्य को दूर रहना चाहिए.
अहंकार में अक्सर व्यक्ति गलत निर्णय लेता है जो बाद में शत्रु के लिए अवसर की तरह होते हैं.
शत्रु को पराजित करना है तो अपने आसपास सदैव भरोसेमंद लोगों को रखना चाहिए.
Author : Akash dubey