सरकार का बड़ा ऐलान, 6 महीने में हट जाएंगे टोल प्लाजा, ऐसे होगी Toll Tax की वसूली
देश में हाइवे पर मौजूदा टोल प्लाजा को हटाने के लिए सरकार अगले 6 महीने में जीपीएस आधारित टोल कलेक्शन सिस्मट समेत अन्य टेक्नोलॉजी पेश करेगी.
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि इस कदम का उद्देश्य हाइवे पर वाहनों को जाम से बचाना है.
उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ CII) के एक कार्यक्रम में गडकरी ने कहा कि ने NHAI का इस समय टोल रेवेन्यू 40,000 करोड़ रुपये है और यह दो-तीन साल में 1.40 लाख करोड़ हो जाएगा.
सरकार देश में हाइवे पर स्थित टोल प्लाजा को हटाने के लिए जीपीएस आधारित टोल सिस्टम जैसी टेक्नोलॉजी लाने पर विचार कर रही है. हम छह महीने में नई टेक्नोलॉजी लेकर आएंगे.
2018-19 के दौरान, टोल प्लाजा पर एक वाहन के रुकने का औसत समय 8 मिनट था. 2020-21 और 2021-22 में फास्टैग (FASTags) आने के बाद प्लाजा पर वाहनों के रुकने का औसत समय घटकर 47 सेकेंड रह गया.
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय वाहनों को रोके बिना टोल कलेक्शन करने के लिए स्वचालित नंबर प्लेट पहचान प्रणाली की परीक्षण योजना पर काम कर रहा है.