उद्योग मंत्री ने स्वरोजगार मेले में 1116 हितग्राहियों को बांटे 27 करोड़ के ऋण, कहा: हर वर्ष 10 हजार युवाओं को जोड़ेंगे स्वरोजगार से

मध्यप्रदेश रीवा

रीवा. जिला स्तरीय स्वरोजगार मेला करहिया कृषि उपज मंडी परिसर में आयोजित किया गया। मेले के मुख्य अतिथि उद्योग तथा खनिज मंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने विभिन्न रोजगार मूलक योजनाओं से 1116 हितग्राहियों को 27 करोड़ 25 लाख रूपये के ऋण वितरित किये। मेले में मुख्यमंत्री संबल योजना से 269 हितग्राहियों को एक करोड़ 14 लाख रूपये की अनुग्रह सहायता, 1519 महिलाओं को एक करोड़ नौ लाख रूपये की प्रसूति सहायता तथा राष्ट्रीय ग्रामीण आजीवका मिशन से दस करोड़ 25 लाख रूपये का ऋण एवं बैंक लिंकेज का वितरण किया गया। मेले में चार हजार 635 असंगठित मजदूरों को आवासीय पट्टे प्रदान किये गये।

मेले में हितग्राहियों को 17 करोड़ रूपये के लंबित बिलों की माफी भी मुख्यमंत्री बिजली बिल माफी योजना से भी की गई। मेले में विभिन्न निजी संस्थाओं तथा कंपनियों द्वारा चयनित चार हजार 262 युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किये गये। सम्मेलन में मुख्यमंत्री जी द्वारा स्वरोजगारियों के उद्बोधन का सीधा प्रासारण दिखाया गया। मुख्यमंत्री जी ने विभिन्न योजनाओं से लाभांवित हितग्राहियों से वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से चर्चा की ।

इस अवसर पर उद्योग मंत्री शुक्ल ने कहा कि रीवा जिले के लिये स्वरोजगार मेला मील का पत्थर साबित होगा। इसके माध्यम से एक हजार एक सौ 16 युवाओं को अपना उद्यम लगाने के लिए ऋण एवं अनुदान दिया गया है। इन उद्यमों में यदि प्रत्येक इकाई में दस लोगों को भी रोजगार मिलेगा तो रीवा जिले में दस हजार व्यक्तियों को रोजगार का अवसर मिलेगा। हर वर्ष हितग्राहियों को स्वरोजगार का अवसर देकर कम से कम दस हजार व्यक्तियों को रोजगार जायेगा। सरकारी नौकरियों में स्थान सीमित हैं। जिले के युवा हर तरह से सक्षम हैं। वे स्वरोजगार अपनाकर आर्थिक आत्मनिर्भरता के साथ दूसरों को भी रोजगार का अवसर दे सकते हैं। जिले के कई उद्यमी सफलता पूर्वक स्वरोजगार के माध्यम से उद्यम संचालित कर रहे हैं।

उद्योग मंत्री ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गरीबों के लिये योजनायें बनाकर उन्हें प्रभावी ढंग से लागू कराया है। पूरे प्रदेश में आयोजित स्वरोजगार सम्मेलन से लाखों हितग्राही लाभान्वित हो रहे हैं। रीवा जिले में ही मुख्यमंत्री संबल योजना से 61 हजार से अधिक हितग्राहियों को लंबित बिजली बिलों की माफी का लाभ मिला है। प्रदेश में सुशासन है और गरीबों के कल्याण के लिये काम करने वाली सरकार है। जिसके कारण विकास की गाड़ी तेजी से आगे बढ़ रही है। मुख्यमंत्री जी के सफल नेतृत्व और कल्याणकारी योजनाओं से मध्यप्रदेश बीमारू राज्य का कलंक मिटाकर विकसित राज्य बन रहा है।

सम्मेलन में सांसद जनार्दन मिश्र ने कहा कि मुख्यमंत्री जी ऐसे जादूगर हैं जो गरीबों का लाखों रूपये का बिल माफ कर रहे हैं। मजदूरों के बच्चों की फीस भर रहे हैं। स्वरोजगार के माध्यम से युवाओं को आगे बढ़ने का मौका दे रहे हैं। स्वरोजगार सम्मेलन में एक ही स्थान पर हजारों युवाओं को विभिन्न योजनाओं का लाभ मिल रहा है। विधायक देवतालाब गिरीश गौतम ने कहा कि जिन्होंने प्रदेश को बीमारू राज्य बनाया उन्हें विकास दिखाई नहीं दे रहा है। पूरे प्रदेश में सड़क, सिंचाई और बिजली की सुविधा बढ़ी है। संबल योजना से गरीबों को कई लाभ मिल रहे हैं।

सम्मेलन में विधायक सिरमौर दिव्यराज सिंह ने कहा कि पूरे प्रदेश में स्वरोजगार मेलों से दो लाख 80 हजार से अधिक युवाओं को रोजगार देने का प्रयास किया गया है। इन सम्मेलनों के माध्यम से पात्र हितग्राहियों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है। सम्मेलन में सफल स्वरोजगारी श्रीमती मीना तिवारी तथा एसएन पाण्डेय ने उनके द्वारा शासन की योजनाओं से ऋण देकर स्थापित सफल उद्यमों की सफलता की कहानी सुनायी। सम्मेलन में महापौर श्रीमती ममता गुप्ता, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती विभा पटेल, कमिश्नर रीवा संभाग महेशचन्द्र चौधरी, कलेक्टर श्रीमती प्रीति मैथिल नायक, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मयंक अग्रवाल, महाप्रबंधक उद्योग अरूण राने जनप्रतिनिधिगण, विभिन्न विभागों के अधिकारी तथा हजारों हितग्राही उपस्थित रहे। सम्मेलन में विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम का संचालन सी.एल.सोनी ने किया तथा उप संचालक रोजगार अनिल दुबे ने आभार ज्ञापित किया।