क्या कह रहे महाराज? 3 नवंबर को पंजे वाली बटन ही दबाना..

क्या कह रहे महाराज? 3 नवंबर को पंजे वाली बटन ही दबाना..

भोपाल मध्यप्रदेश

क्या कह रहे महाराज? 3 नवंबर को पंजे वाली बटन ही दबाना..

भोपाल । ऐसा लगता है कि नेता चुनावी सरगर्मी में अपना होश खो बैठते हैं, बोलते रहते हैं लेकिन उन्हें खुद ही यह पता नहीं होता कि वह क्या बोल रहे हैं। डबरा में इमरती देवी के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जनता से दोनों हाथ उठवाते हुए शपथ दिलाई है कि 3 नवंबर को पंजे के सामने वाली ही बटन दबाना है और इमारती देवी को विजयी बनाना है।

उन्होंने उपस्थित जनसमूह से अपील करते हुए कहा कि डबरा की मेरी शानदार और जानदार जनता मुट्ठी बांधकर अपने हाथ ऊपर उठाते हुए यह विश्वास दिलाए कि वह 3 नवंबर को पंजे के सामने वाली बटन ही दवाएंगे। जब सिंधिया जनता को संबोधित कर रहे थे तो इमरती देवी उनके बगल में ही खड़ी थीं। अब जनता खुद समझ सकती है कि जब नेताओं को खुद का होश नहीं रहता तो वह जनता से किये वायदे का कितना ध्यान रखेंगे।

MP: शोर गुल थमने के साथ ही अब गेंद मतदाताओ के हाथ, अपने ग्रह क्षेत्र लौट रहे है माननीय

महाराज फूल में या पंजा में

ज्योतिरादित्य सिंधिया पूरे जोश के साथ भाषण दिये जा रहे थे। सामने मौजूद जनता उनके भाषण सुनकर उत्साह में भरी हुई थी। इमरती देवी हाथ जोड़े जनता का अभिवादन कर रही थीं। लेकिन ज्योतिरादित्य की बातों का जैसे ही लोगों को एहसास हुआ तो थोड़ी देर के लिए सभा में सन्नाटा पसर गया है।

लोग आपस में कहने लगे कि महाराज आखिर क्या बोल रहे हैं। कुछ भोले भाले ग्रामीण तो अभी तक यह समझ पाये कि महाराज फूल वाली पार्टी में हैं या पंजा वाली पार्टी में हैं। हालांकि जो लोग नहीं समझ पा रहे थे तो आपस में पूछताछ कर जाना कि अब महाराज फूल वाली पार्टी में हैं।

कमलनाथ ने खेला चुनावी दाव: कहा- सरकार बनते ही रोजगार सहायको, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओ, सहिकाओं, संविदा कर्मचारियों को सरकार बनते ही करेंगे नियमित

मध्यप्रदेश के 5 हजार कर्मचारियों को दीवाली से पहले जोरदार झटका, पढ़िए : MP NEWS

यहाँ क्लिक कर RewaRiyasat.Com Official Facebook Page Like

ख़बरों की अपडेट्स पाने के लिए हमसे सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर भी जुड़ें: Facebook | WhatsApp | Instagram | Twitter | Telegram | Google News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *