ग्वालियर

VIDEO: कमलनाथ के मंत्री का विवादित बयान, जो कर्मचारी-अधिकारी पालन नहीं करेगा, उसको 'लात मारकर' बाहर कर दिया जाएगा

Aaryan Dwivedi
16 Feb 2021 11:34 AM IST
VIDEO: कमलनाथ के मंत्री का विवादित बयान, जो कर्मचारी-अधिकारी पालन नहीं करेगा, उसको लात मारकर बाहर कर दिया जाएगा
x
Get Latest Hindi News, हिंदी न्यूज़, Hindi Samachar, Today News in Hindi, Breaking News, Hindi News - Rewa Riyasat

भोपाल: मध्य प्रदेश की कमलनाथ सरकार में कैबिनेट मंत्री महेंद्र सिंह सिसोदया ने सरकारी कर्चमारियों और अधिकारियों को लेकर एक विवादित बयान दिया है। गुना में पार्टी कार्यकर्ताओं से बात करते हुए सिसोदिया ने कहा, 'जो कर्मचारी, अधिकारी पालन नहीं करेगा उसको लात देके बाहर कर दिया जाएगा।' महेन्द्र सिंह सिसोदिया बमोरी विधानसभा से विधायक चुने गए हैं और उन्हें गुना से पार्टी सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया का करीबी माना जाता है।

अपने क्षेत्र की जनता के बीच पहुंचे सिसोदिया ने कहा कि अब मैं किसी की दलाली नहीं चलने दूंगा। महेंद्र सिंह सिसोदिया को राज्य सरकार में श्रम मंत्री की जिम्मेदारी दी गई है। इससे पहले कमलनाथ के फैसलों को लेकर भी राज्य सरकार विपक्ष के निशाने पर है। राज्य सरकार ने हर महीने की एक तारीख़ को राज्य मंत्रालय के समक्ष वन्देमातरम गान की अनिवार्यता को फिलहाल रोक दिया है। मामला तूल पकड़ने पर मुख्यमंत्री ने कहा कि वह इसे नए स्वरूप में सामने लाएंगे।

राज्य सरकार के इस कदम पर मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी प्रतिक्रिया देते हुए ट्वीट किया, 'वंदे मातरम् के कारण लोगों के हृदय में प्रज्वलित देशभक्ति की भावनाओं में नयी ऊर्जा का संचार होता था। अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि कांग्रेस की सरकार ने यह परंपरा आज तोड़ दी। आज पहली तारीख़ को वंदे मातरम् नहीं गाया गया! कांग्रेस शायद यह भूल गई है कि सरकारें आती है, जाती है लेकिन देश और देशभक्ति से ऊपर कुछ नहीं है। मैं माँग करता हूँ कि वंदे मातरम् का गान हमेशा की तरह हर कैबिनेट की मीटिंग से पहले और हर महीने की पहली तारीख़ को हमेशा की तरह वल्लभ भवन के प्रांगण में हो।'

इतना ही नहीं राज्य सरकार ने मीसा बंदियों को दी जाने वाली पेशन पर अस्थाई रोक लगा दी है। राज्य में इस योजना के तहत 2 हजार से ज्यादा लोगों को 25 हजार रुपये मासिक पेशन मिलती है। इस योजना को शिवराज सरकार द्वारा 2008 में लागू किया था।

Next Story