अस्पताल के सामने जाम में घंटो फंसी रही एम्बुलेंस, गोद में मरीज को उठाकर ले गए परिजन | REWA NEWS


रीवा। नगर की यातायात व्यवस्था पटरी से उतर गई है। मेडिकल कॉलेज के अस्पताल तक पहुंचने वाले मार्ग पर भीषण जाम लग रहा है। जिससे आए दिन एंबुलेंस को जाम का सामना करना पड़ रहा है। इससे मरीज, चिकित्सक और आमजन परेशान हैं। बुधवार दोपहर 12 बजे से लेकर 1 बजे तक अस्पताल चौराहे से धोबिया टंकी चौराहे तक भीषण जाम लगा रहा। इस दौरान संजय गांधी अस्पताल से दुर्घटना के घायलों को लेने जा रही एंबुलेंस एक घंटे तक फंसी रही।
अस्पताल जाने और वहां से बाहर निकलने के लिए मरीज और आमजन जूझते नजर आए। कई चिकित्सक भी जाम का हिस्सा बने रहे। सूचना पर करीब 12.30 बजे यातायात प्रभारी नृपेन्द्र सिंह ट्रैफिक सिपाहियों के साथ मौके पर पहुंचे। जिसके बाद जाम हटाने की जद्दोजहद हुई। करीब 1 बजे यातायात पुलिस जाम खुलवा सकी।
सड़क पर आमजन भी जाम से जूझते रहे
जिसके बाद अस्पताल गेट का रास्ता साफ हुआ और एंबुलेंस निकल सकी। एंबुलेंस चालक ने बताया कि ढेकहा से एक्सीडेंट होने की सूचना मिली थी वहां से घायलों को लाना था लेकिन जाम के चलते 1 घंटे का समय अस्पताल के गेट पर ही बर्बाद हो गया। इस दौरान सड़क पर आमजन भी जाम से जूझते रहे। जाम से मरीज और उनके परिजन को भारी परेशानी उठानी पड़ी। अस्पताल से बाहर जाने एक मरीज को परिजन गोदी में उठाकर ले गए और ऑटो से रवाना हुए।
अतिक्रमण है मुख्य वजह
अस्पताल मार्ग हर समय जाम से जूझ रहा है। जाम लगने की वजह सड़क पर लगने वाली दुकानें हैं। अस्पताल चौराहे से लेकर मेडिकल कॉलेज के नवनिर्मित गेट तक और धोबिया टंकी चौराहे तक 250 से ज्यादा दुकानें अवैध रूप से लग रही हैं। जिससे सड़क के दोनों ओर काफी हिस्सा अतिक्रमण की चपेट में है।

जिम्मेदार बने हैं संवेदनहीन
अस्पताल प्रबंधन कई बार नगर निगम, ट्रैफिक पुलिस को पत्र लिख चुका है लेकिन अधिकारी मूकदर्शक बने हैं। दरअसल, अधिकारियों के वाहनों के सायरन उन्हें जाम की तकलीफ महसूस नहीं होने देते। जाम का खामियाजा तो आमजन और मरीज ही समझ सकते हैं।

No comments

Powered by Blogger.